गुड़गांव से एक घंटे की दूरी पर स्थित है यहां का सबसे पुराना और प्रसिद्ध ट्रांसपोर्ट म्यूज़ियम। इस म्यूज़ियम की शुरुआत इसलिए की गयी थी ताकि सभी लोगों को यह दिखाया जा सके कि कितने प्रकार के वाहन भारत में चलते है और किस प्रकार से चलते हैं। इस म्यूज़ियम की मदद से आप ऑटोमोबाइल से जुड़ी बहुत सारी महत्वपूर्ण जानकारी ले सकते हैं। आखिर ऑटोमोबाइल ने बहुत कम समय में भारत में प्रगति की है। यह म्यूज़ियम सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक खुला रहता है।

यह म्यूज़ियम आपको पुराने समय के वाहनों की याद दिलाता है

विमान प्रेमियों के लिए

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यदि आपको ऑटोमोबाइल में दिलचस्पी है, तो आपको कम से कम एक बार इस म्यूज़ियम में ज़रूर आना चाहिए। यह भारत का पहला ट्रांसपोर्ट म्यूज़ियम है। इस म्यूज़ियम में 2,500 चीज़ें ऐसी हैं, जो कि भारत के ऐतिहासिक और विंटेज वाहनों के बारे में बात करती हैं। यह म्यूज़ियम लगभग 3 एकड़ की ज़मीन पर स्थित है और इसमें 100,000 स्क्वायर फीट की जगह एक्जीबिशन के लिए रखी जाती है। इस म्यूज़ियम में अलग-अलग वाहनों को देखने और उसके बारे में जानने में आराम से 3-4 घंटे निकल जाते हैं। एक और दिलचस्प बात यह है कि यह म्यूज़ियम पूरी तरह से एयर-कंडिशन्ड है। इसलिए आप आराम से 3-4 घंटे तक म्यूज़ियम के पुस्तकालय, रेफरेन्स सेंटर और मिनी ऑडिटोरियम में घूम सकते हैं। इस म्यूज़ियम के अंदर एक कैफ़े भी उपलब्ध है।

म्यूज़ियम के अंदर क्या है?

अरे वाह! एक विंटेज राइड के लिए तैयार हो जाएं

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म्यूज़ियम के अंदर आते ही आपको एक पुराना ट्रैम दिखता है और उसी के साथ ट्रैफिक सिग्नल की तरह दिखनेवाली एक चीज़ भी दिखती है जिसमें हरी, लाल और पीली रोशनी होती है। यदि आप चाहें तो इस ट्रैफिक सिग्नल को खुद भी कंट्रोल कर सकते हैं। साथ ही, यहां पर रेलवे सिग्नल्स भी बनाए गए हैं, जो देखने में बिल्कुल असली रेलवे सिग्नल्स की तरह होते हैं। आप उसे भी छूकर देख सकते हैं। चार मंज़िलोंवाला यह म्यूज़ियम सबसे पहले पहियों के बारे में बताता है, फिर पालकियों के बारे में और आगे भविष्य में बननेवाली मोटर-साइकिलों के बारे में।

म्यूज़ियम की यादगार चीज़ों को ले जाएं अपने साथ

म्यूज़ियम के अंदर ऐसी दुकाने भी मौजूद है, जहां म्यूज़ियम की यादगार और प्रसिद्ध चीज़ों को बेचा जाता है, जैसे छोटी-छोटी गाड़ियां और ट्रक। खास बात है कि इस सभी चीज़ों को वहां के मशहूर कलाकार अंजुम राणा बनाते हैं। निश्चित रूप से आपका मन करेगा कि आप उनमें से कुछ चीज़ों को खरीदकर अपने साथ घर ले आएं।

गुड़गांव के इस पौराणिक ट्रांसपोर्ट म्यूज़ियम में एविएशन, रेल्वे, पुरानी गाड़ियों और दो पहियेवाले वाहनों का एक आकर्षक एक्ज़ीबिशन रखा जाता है। इस एक्ज़ीबिशन में अलग-अलग प्रकार के ऑटोमोबाइल्स, विंटेज और पुराने वाहनों को दिखाया जाता है। यदि आपको अलग-अलग तरह के ऑटोमोबाइल्स देखने का शौक है, तो आपको यहां ज़रूर आना चाहिए।

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