नारियल एक ऐसा फल है जो ज़्यादातर भारतीयों के घर में पाया जाता है। नारियल का हरे रंग का बाहरी हिस्सा पूरी तरह से पकने के बाद भूरे रंग का हो जाता है। नारियल के सख्त बाहरी हिस्से के अंदर सफ़ेद रंग का जो हिस्सा होता है, वह खाने लायक होता है। नारियल को तेलुगू में कोब्बारी ‘बोंडम’, तमिल में ‘तेनके’, मलयालम में ‘कारिकिन’, कन्नड़ में ‘थेंगिना काई’ और बंगाली में ‘नारिकेलरा’ कहते हैं। ताज़े कटे हुए नारियल का मीठा पानी स्वास्थ्य के लिए बेहद फ़ायदेमंद है। नारियल सेहत के लिए इतना अच्छा होता है कि आप अलग-अलग प्रकार के व्यंजन बनाने के लिए उसका इस्तेमाल कर सकते हैं। नारियल का सफ़ेद हिस्सा केवल आम लोगों के लिए नहीं, बल्कि प्रेग्नेंट औरतों के लिए भी बहुत फ़ायदेमंद होता है।

नारियल में अधिक मात्रा में सैचुरेटिड फैट्स होते हैं, लेकिन वे शरीर को किसी भी प्रकार का नुकसान नहीं पहुंचाते हैं। नारियल में नियमित मात्रा में फैटी एसिड्स होते हैं। ये फैटी एसिड शरीर अलग-अलग तरह से सोख लेता है। इसका प्रभाव सीधे-सीधे मिरगी और अल्ज़ाइमर जैसी मस्तिष्क के रोगों पर पड़ता है।

हाल ही में 2 सितम्बर, 2019 को पूरी दुनिया में विश्व नारियल दिवस मनाया गया था। इस मौके पर आवाज़.कॉम आपको नारियल से होनेवाले कुछ महत्वपूर्ण फ़ायदों के बारे में बताएगा।

नारियल के सेवन से शरीर को होते हैं ये फ़ायदे

नारियल है शरीर के लिए बहुत अच्छा
नारियल है शरीर के लिए बहुत अच्छा

नारियल पेट की चर्बी का इलाज करता है

नारियल, पेट के पास मौजूद अनावश्यक फैट्स को खत्म करने के लिए फ़ायदेमंद होता है। पेट पर मौजूद फैट्स अन्य सभी फैट्स से ज़्यादा खतरनाक होते हैं क्योंकि पेट की बहुत सी बीमारियां इसी से जुड़ी हुई होती है। रोज़ाना 200 ग्राम नारियल खाने से आपकी बीएमआई और कमर के फैट्स केवल 12 सप्ताह में कम हो सकते हैं।

हड्डियों और दांतों को बनाता है मजबूत

क्या आप लैक्टोस इन्टॉलरेंट हैं, तो कैल्शियम के लिए खाएं नारियल
क्या आप लैक्टोस इन्टॉलरेंट हैं, तो कैल्शियम के लिए खाएं नारियल

नियमित रूप से नारियल खाने से शरीर हड्डियां और दांत मज़बूत बनते हैं। नारियल के सेवन से शरीर में कैल्शियम और मैंगनीज़ की मात्रा बढ़ती है जिसकी मदद में आपकी हड्डियों का विकास भी अच्छे से होता है। नारियल से शरीर में ऑस्टियोपोरोसिस होने की संभावना भी कम हो जाती है। ऑस्टियोपोरोसिस एक ऐसी स्थिति है, जिसमे आपकी हड्डियां पतली और नाज़ुक बन जाती है। इसलिए नारियल उन सभी लोगों के लिए एक अच्छा विकल्प है जो दूध और दूध से बने पदार्थ नहीं खा सकते हैं।

नारियल बैक्टीरिया को करता है दूर

नारियल के पानी से शरीर के बैक्टेरिया होते हैं दूर
नारियल के पानी से शरीर के बैक्टेरिया होते हैं दूर

नारियल पानी पीने से आपके मुंह के सारे बैक्टीरिया मर जाते हैं, आपकी बैड ब्रेथ में सुधार होता है और आपकी पूरी ओरल डेंटल हेल्थ बेहतर होती है।

नारियल में मोनोलॉरिन और लॉरिक एसिड की मात्रा भी ज़्यादा होती है जिसकी मदद से शरीर के सभी हानिकारक बैक्टीरिया मर जाते हैं और आपका शरीर शरीर अन्य इन्फेक्शन्स से भी दूर रहता है। नारियल पानी गर्भवती महिलाओं के लिए बहुत अच्छा होता है। नारियल पानी से मां और बच्चे दोनों की इम्युनिटी और सेहत में सुधार आता है और उनका शरीर सभी इन्फेक्शन्स और अन्य बीमारियों से दूर रहता है। इसके अलावा, नारियल पानी से शरीर में एमनियोटिक फ्लूइड की मात्रा बढ़ती है जिससे बच्चे की सेहत में सुधार आता है। इसके अलावा भी नारियल के कई फायदे हैं।

ब्लड कोलेस्ट्रॉल में फ़ायदेमंद

नारियल शरीर में ब्लड कोलेस्ट्रॉल की मात्रा में सुधार लाता है और शरीर को दिल की बीमारियों से बचाता है। नारियल में सैचुरेटिड फैट्स शरीर में गुड कोलेस्ट्रॉल की मात्रा को बढ़ाते हैं। इस वजह से आपको दिल की बीमारियां होने की संभावना कम हो जाती है।

डाइबिटीज़ में फायदेमंद

नारियल से शरीर में इंसुलिन और ब्लड ग्लूकोस का उपयोग आसान हो जाता है। नारियल, ब्लड ग्लूकोस का नियंत्रण कर शरीर के होर्मोनेस पर एक सकारात्मक प्रभाव डालता है, जिसकी मदद से आपकी डायबिटीज़ नियंत्रण में रहती हैं। नारियल के सेवन से शरीर में ब्लड शुगर की बढ़ती मात्रा कम हो जाती है और आपको मीठा खाने का मन भी कम होता है। नारियल से आपकी पाचन शक्ति में सुधार आता है और आपको पाचन सम्बन्धी समस्याओं से भी राहत मिलती है। नारियल से शरीर को डाइट्री फाइबर और मिनरल्स के साथ-साथ कई अन्य पोषक तत्व मिलते हैं। साथ ही, आपको उल्टी और मतली से भी राहत मिलती है।

मिर्गी और कैंसर का इलाज नारियल

एक केटोजेनिक डाइट यानी एक लो कार्ब डाइट खाने से शरीर के बहुत से रोगों का इलाज होता है। इसका सबसे अच्छा उदाहरण है बच्चों को मिर्गी से राहत दिलाना। इस डाइट में आपको कार्ब्स कम और फैट्स ज़्यादा खाने होते हैं। इस डाइट का सीधा-सीधा प्रभाव आपके ब्लड फ्लो पर पड़ता है और इस डाइट की एक महत्वपूर्ण सामग्री नारियल होती है। इस प्रकार के आहार से बच्चों को मिर्गी से बहुत राहत मिलती है।

इसके अलावा नारियल पानी पीने से एसिडिटी और दिल की जलन जैसी समस्याओं में भी फर्क पड़ता है। ऐसा माना जाता है कि नारियल में कुछ ऐसे पोषक तत्व हैं, जिसकी मदद से कैंसर का इलाज किया जाता सकता है। नारियल से खासतौर कोलोन और ब्रैस्ट कैंसर का इलाज किया जा सकता है।

अपने सपनो को पूरा करने की ताक़त रखती हूँ। अभिलाषी हूं और नई चीज़ों को सीखने की इच्छुक भी। एक फ्रीलान्स एंकर। मेरी आवाज़ ही नहीं, बल्कि लेखनी भी आपके मन को छू लेगी। डांसिंग और एक्टिंग की शौक़ीन। माँ की लाड़ली और खाने की दीवानी।