गर्मियों के दिन आ चुके हैं और बाजार में हरी पत्तेदार स्वादिष्ट सब्जियां मिलनी बंद हो चुकी है। गर्मियों में गिन-चुनकर कुछ ऐसी सब्जियां बचती हैं, जो खाने लायक तो होती है, लेकिन उनका स्वाद लोगों को पसंद नहीं आता। आज हम बात करेंगे एक ऐसी ही सब्जी के बारे में, जिसका नाम सुनते ही लोगों का मुंह कड़वा हो जाता है। लेकिन यह हमारे शरीर के लिए उतनी ही फ़ायदेमंद होती है, जितनी कोई भी सब्जी नहीं होती। हम बात कर रहे हैं करेले की।

करेला भले ही खाने में कड़वा हो, लेकिन इसके कई ऐसे गुण हैं, जिससे हम स्वस्थ रह सकते हैं। आइए जानते हैं करेले के कुछ खास गुण।

डायबिटीज़ में करेला है बेहद फ़ायदेमंद
विटामिन बी, अनसैच्युरेटेड फैटी एसिड की वजह से करेला भरपूर गुणकारी माना जाता है

करेला डायबिटीज़ से परेशान लोगों के लिए किसी जड़ी-बूटी से कम नहीं है। इसमें मौजूद एक नैचुरल स्टेरॉयड, जिसे कैरोटीन कहा जाता है, यह रसायन खून में शुगर के स्तर को नियंत्रित करता है। इसमें मौजूद ओलिओनिक एसिड ग्‍लूकोसाइड खून में शुगर को घुलने नहीं देता और इससे डायबिटीज़ में शुगर लेवल नियंत्रित रहता है।

यह ना सिर्फ शुगर को नियंत्रित करता है, बल्कि इसे खाने से शरीर को कई पोषक तत्व भी मिलते हैं, जैसे विटामिन बी, अनसैच्युरेटेड फैटी एसिड की वजह से करेला भरपूर गुणकारी माना जाता है। इसे खाने से खून साफ रहता है और किडनी लीवर भी स्वस्थ रहते हैं।

आइए जानते हैं करेले के और भी कई फायदे।

भले ही इसका स्वाद कड़वा होता है, लेकिन इसके गुणकारी तत्व शरीर को बेहद फायदा पहुंचाते हैं

1. करेला दमा के मरीज़ों के लिए बहुत फ़ायदेमंद माना जाता है। दमा होने पर इस सब्जी को खाने से दमा नियंत्रित रहता है।

2. पेट में गैस की समस्या या और कब्ज़ हो, तो करेला खाना बेहद फ़ायदेमंद माना जाता है। साथ ही उल्टी, दस्त, हैजा होने पर करेले के रस में थोड़ा पानी और काला नमक डालकर सेवन करने की सलाह दी जाती है।

3. लकवे के मरीज़ों को कच्चा करेला खाने से फायदा मिलता है।

4. सिर दर्द होने पर करेले के रस का लेप लगाने से सिर दर्द दूर हो जाता है।

5. मुंह में छाले पड़ने पर करेले के रस से कुल्ला करने की सलाह दी जाती है।

करेले में कई गुण होते हैं। भले ही इसका स्वाद कड़वा होता है, लेकिन इसके गुणकारी तत्व शरीर को बेहद फायदा पहुंचाते हैं। करेले के सेवन से आप कई बीमारियों को सौ हाथ की दूरी पर रख सकते हैं।

मेरी आवाज़ ही पहचान है! संगीत मेरी कल्पना को पंख देता है.. किताबी कीड़ा, अडिग, जिद्दी, मां की दुलारी.. प्राणी प्रेम ऐसा कि लोग मुझे लगभग पागल समझते हैं! खाने के लिए जीनेवाली और हद दर्जे की बातूनी.. लेकिन मेरा लेखन आपको बोर नहीं करेगा..