वैशाख महीने में शुक्ल पक्ष की तृतीया बेहद शुभ मानी जाती है। इसी दिन को अक्षय तृतीया के नाम से जाना जाता है। सभी ग्रहों की एक निश्चित अवस्था की वजह से ये दिन बेहद शुभ और सौभाग्यशाली माना जाता है। इस दिन पूरे दिन समय बेहद शुभ बना रहता है, जिसकी वजह से इस दिन किसी भी समय में बिना शुभ मुहूर्त देखे आप कोई भी काम कर सकते हैं। इस साल अक्षय तृतीया 7 मई को आ रही है। इस दिन लोग अपने घर में पूजन के साथ-साथ अन्य शुभ कामों को करना पसंद करते हैं। यही वजह है कि इस दिन लोग रसोई में ख़ास व्यंजन बनाते हैं।

क्रिस्पी चकली

इसमें लाल मिर्च, अजवाइन, नमक, हल्दी जैसे मसालों का प्रयोग करके पेस्ट बनाना होता है

कुरकुरी चकली पूरे देश में कई जगहों पर खाई जाती है। इसे उत्तर भारत, महाराष्ट्र और दक्षिण भारत में बेहद चाव से खाया जाता है। इसे बनाने के लिए आपको चावल का आटा और बेसन का खास तौर पर इस्तेमाल करना होता है। इसमें लाल मिर्च, अजवाइन, नमक, हल्दी जैसे मसालों का प्रयोग करके पेस्ट बनाना होता है। जिसके बाद सांचे की मदद से इसे गोल शेप दिया जाता है और इसे रिफाइंड आयल में तल लिया जाता है।

मालपुआ

इसे गर्म घी में पुओं का आकार बनाकर तल लिया जाता है

मालपुआ एक ऐसा मीठा व्यंजन है, जिसे बड़े चाव से लोग खाना पसंद करते हैं। इसे बनाने के लिए आटे के अलावा सौंफ, इलायची, चीनी, दूध और नारियल का उपयोग किया जाता है। दूध में सौंफ और इलायची, चीनी, नारियल के मिश्रण को डालकर इससे आटे का पेस्ट बना लिया जाता है। इसके बाद इसे गर्म घी में पुओं का आकार बनाकर तल लिया जाता है। इसके बाद इस पर केसर का छिड़ककर सर्व किया जाता है।

लौकी की खीर

आपको लौकी को कीसकर उसका पानी अलग करना होता है

यदि आप अक्षय तृतीया में उपवास रखते हैं, तो ये स्पेशल खीर आपके बेहद काम आएगी। पचाने में आसान लौकी खीर एक ऐसा मीठा पकवान है, जिसे लोग बड़े चाव से खाते हैं। यह आपको एनर्जी भी देती है और आपके खाने का स्वाद भी बढ़ाती है। इसे बनाने के लिए आपको लौकी को कीसकर उसका पानी अलग करना होता है। इसके बाद इसे घी, फुल क्रीम दूध, शक्कर और मेवों की मदद से पकाना है। यह खीर गर्म तो खाई ही जाती है, साथ ही इसे ठंडा खाना भी लोग पसंद करते हैं।

गुजिया

इस मिश्रण को तैयार करने के बाद इसमें ड्राय फ्रूट मिलाना है

गुजिया बनाना बेहद आसान है। इस गुजिया को बनाने के लिए गुजिया का मिश्रण तैयार करना होता है, जिसमें नारियल और गुड़ के साथ-साथ सूजी का भी इस्तेमाल किया जा सकता है। इस मिश्रण को तैयार करने के बाद इसमें ड्राय फ्रूट मिलाना है और इसकी गुजिया तैयार कर लेनी है। बाद में इसे रिफाइंड या घी में तल लीजिये। यह गुजिया खाने में बेहद स्वादिष्ट होती है और इसे खाना लोगों को बेहद पसंद आता है।

मूंग की दाल के दही बड़े

मूंग की दाल के बड़े आपकी सेहत के लिए फायदेमंद होते हैं

मूंग की दाल के दही बड़े देश में बेहद लोकप्रिय है। मूंग की दाल के बड़े उड़द की दाल की तुलना में हल्के होते हैं और स्वाद में भी यह दूसरे दही बड़ों से स्वादिष्ट होते हैं। वैसे तो बड़े तलकर बनाए जाते हैं, लेकिन तलने के बाद इन बड़ों को पानी में भिगोया जाता है, जिससे इसका सारा तेल निकल जाए। मूंग की दाल के बड़े आपकी सेहत के लिए फायदेमंद होते हैं। पानी में भिगोये हुए बड़ों को प्लेट में रखकर इसके ऊपर दही, इमली की चटनी और हरी चटनी को डालकर सर्व किया जाता है।

इस तरह अक्षय तृतीया पर बने ये ख़ास व्यंजन आपके त्यौहार में चार-चांद लगा सकते हैं।

मेरी आवाज़ ही पहचान है! संगीत मेरी कल्पना को पंख देता है.. किताबी कीड़ा, अडिग, जिद्दी, मां की दुलारी.. प्राणी प्रेम ऐसा कि लोग मुझे लगभग पागल समझते हैं! खाने के लिए जीनेवाली और हद दर्जे की बातूनी.. लेकिन मेरा लेखन आपको बोर नहीं करेगा..