शाहरुख खान, नाम तो सुना होगा। शाहरुख परदे पर जो भी करते हैं, वो हमारे दिल को छू जाता है। पचास साल की उम्र में भी, वे अपनी हसीन मुस्कान के साथ किसी भी लड़की का दिल जीत लेते है। हर फिल्म में अपनी बाहों को फैलाने वाली उनकी अदा कभी कोई भूल नहीं सकता। उनकी यह स्टाइल अभी भी दिल चुरा लेती है, क्योंकि यह हिंदी सिनेमा के किंग खान की फेमस स्टाइल है।

इसके अलावा भी कुछ है, जिसके लिए हम शाहरुख़ से बेहद प्यार करते है। वो है उनकी सुपरहिट रोमांटिक फ़िल्में, जिन्हे देखने के बाद हमें भी प्यार,विश्वास और ज़िन्दगी के खूबसूरत पहलुओं पर भरोसा हो जाता है। काम के प्रति उनकी शिद्दत देखकर पूरी कायनात उन पर मर-मिटना चाहेगी। फिल्मों में उनकी शानदार डायलॉग डिलीवरी ने ही उन्हें किंग खान का खिताब दिलाया है। हम किसी आज भी फिल्म ‘दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे’ का राज याद है। SRK के सच्चे प्रशंसकों को उनकी सभी फिल्मों के एक-एक डायलॉग याद होंगे, लेकिन उनके जो मोनोलॉग है, उसे बोल पाना किसी और के बस की बात नहीं है।

चक दे! इंडिया से सत्तर मिनट

Sattar-Minute-From-Chak-De!-India-500x500
चित्र साभार : मूवी – चक दे! इंडिया

Image Credit: Movie – Chak De! India

शाहरुख खान को बॉलीवुड का किंग ऐसे ही नहीं कहा जाता है। इतने वर्षों में उन्होंने कई बार ये कर दिखाया है कि किसी भी प्रकार के रोल को सफलतापूर्वक निभाने में वे सक्षम है। कुछ लोगों का मानना हैं कि शाहरुख खान केवल रोमांटिक रोल्स अच्छे से निभा सकते हैं, लेकिन शाहरुख ने उन सभी को गलत साबित किया है। चक दे! इंडिया में उनके “सत्तर मिनट” वाले मोनोलॉग ने दर्शकों के रोंगटे खड़े कर दिए थे। चक दे! इंडिया में उन्होंने एक नरम दिलवाले लेकिन सख्त हॉकी कोच की भूमिका निभाई थी, जो अपनी महिला हॉकी टीम को ऐसे प्रेरित करते है कि वे हर उस इंसान का मुंह बंद कर सकें, जिनको उन पर भरोसा नहीं है।

ओम शांति ओम की अवार्ड स्पीच

Award-Acceptance-Speech-From-Om-Shanti-Om-500x500
चित्र साभार : मूवी – ओम शांति ओम

Image Credit: Movie – Om Shanti Om

दुनिया का प्रत्येक व्यक्ति शाहरुख के किरदार ओम प्रकाश मखिजा के इस मोनोलॉग से सहमत होगा। उनकी यह स्पीच आज भी उनके फैंस को अपने जीवन के मुश्किल लम्हों को पार करने का प्रोत्साहन देती है। फिल्म में शाहरुख की आंखों में जो जुनून था, शायद उसी के कारण हम सब भी कहीं न कहीं यह मानते है कि अगर किसी चीज़ को शिद्दत से चाहो, तो पूरी कायनात उसको तुमसे मिलाने में जुट जाती है। निर्देशक फराह खान ने अपनी फिल्म में इस बात को सिद्ध कर दिखाया, जब ओम प्रकाश मखिजा, ओम कपूर के रूप में दोबारा जन्म लेता है।

जो हमें ज़िन्दगी के चुनौती भरे फैसले लेने की हिम्मत देता है- डियर ज़िन्दगी

One-That-Helps-Us-Make-Decisions-In-Life-From-Dear-Zindagi-500x500
चित्र साभार: मूवी – डियर जिंदगी

Image Credit: Movie – Dear Zindagi

इस फिल्म की मुख्य अदाकारा बेशक आलिया भट्ट थी, लेकिन इस फिल्म को देखने के बाद हम सब भी ‘लव यू ज़िन्दगी’ इसलिए कह पाए, क्योंकि ये बादशाह खान ही थे, जिन्होंने फिल्म में आलिया को ज़िन्दगी जीने का एक नया नज़रिया सिखाया था। फिल्म में जब आलिया दुखी हो जाती है, तो वह कहते हैं कि बच्चों को अपनी भावनाओं को उस रूप में जताने का अधिकार नहीं दिया जाता, जिस रूप में वे उसे महसूस करते है। हमें हमेशा पहले समाज के विचारों के बारे में सोचने को कहा जाता है। इन्ही विचारों के कारण आज हम अपने प्यार को जताने की मामूली सी कोशिश भी नहीं करते हैं। यही आज हमें सीखने की ज़रुरत है।

भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज़ – स्वदेश

The-Pragmatic-Speech-Against-Corruption-In-Swades-500x500
चित्र साभार: मूवी – स्वदेस

Image Credit: Movie – Swades

इस फिल्म में शाहरुख ने नासा के एक इंजीनियर की भूमिका निभाई थी। उनके इस रूप को देखकर काफी लड़कियां उन पर लट्टू हो गई थीं। हमारे देश और इसके लोगों के बारे में उनके विचार, हमारे समाज में अहम मुद्दों के लिए लड़ने के बजाय, किस तरह हम एक दूसरे के साथ लड़ते हैं, उसे लेकर उनकी हर बात सच थी और हम आज भी इन सभी बातों को महसूस कर सकते है।

इस बात में कोई शक नहीं है कि शाहरुख खान आज भी बॉलीवुड पर राज करते है।