सलमान खान इंडस्ट्री में ना जाने कितने सितारों को लांच कर चुके है और अब वह अपने दोस्त के बेटे ज़हीर इकबाल को भी फिल्म ‘नोटबुक’ से इंडस्ट्री में लाने की तैयारी कर रहे हैं। खास बात है कि इस नितिन कक्कड़ निर्देशिक इस फिल्म में मुख्य किरदार निभाने वाले दोनों ही सितारे नए है। जहां फिल्म के हीरो ज़हीर उनके दोस्त के बेटे है, वहीं फिल्म की हीरोइन प्रनूतन उनकी कई फिल्मों के कोस्टार रह चुके मोहनीश बहल की बेटी और अभिनेत्री नूतन की पोती हैं। फिल्म ‘नोटबुक’ से इंडस्ट्री में कदम रखने वाले इन दोनों ही न्यूकमर की फिल्म का ट्रेलर भी सलमान खान ने कुछ दिनों पहले अपने फैंस के बीच लांच किया, जिसे सोशल मीडिया पर 15 मिलीयन से भी ज्यादा बार देखा जा चुका है।

इस बात में कोई दो राय नहीं कि जहां सलमान खान नए सितारों को लांच करने में कभी पीछे नहीं रहते, वहीं इन सितारों को भी सलमान के लिए अच्छी खासी मेहनत करनी पड़ती है। अपनी पहली ही फिल्म ‘नोटबुक’ के ट्रेलर में ही अपनी एक्टिंग से प्रभावित करने वाले फिल्म के हीरो ज़हीर का मानना है कि फिल्म में काम मिलने से पहले उन्हें सलमान खान के कहने पर लगभग 3 साल तक ट्रेनिंग लेनी पड़ी और तब जाकर उन्हें यह फिल्म करने का मौका मिला।

फिल्म के पहले गीत नई लगदा की भी हो रही है खूब तारीफ

फिल्म 29 मार्च को रिलीज़ होगी

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नोटबुक के ट्रेलर में सिर्फ ज़हीर ही नहीं, बल्कि नूतन की पोती प्रनूतन की भी लोग काफी तारीफ कर रहे हैं। जो अजनबियों के बीच की इस लव स्टोरी को दिखाती फिल्म ‘नोटबुक’ ट्रेलर के बाद, गुरुवार को फिल्म का पहला गीत ‘नई लगदा’ को भी सोशल मीडिया पर लांच कर दिया गया है। कश्मीर ही खूबसूरत वादियों और झील में फिल्माए गए इस गीत को बेहद पसंद किया जा रहा है। विशाल मिश्रा और अनीस कौर की आवाज़ से सजे इस दिल छू लेने वाले गीत की आप भी देखे झलक

हालांकि ट्रेलर और गीत के लांच के साथ ही लोग भले हीरो और हीरोइन दोनों की ही तारीफ कर रहे है, लेकिन लोगों को यह जानकर हैरानी होगी कि इस फिल्म के लिए हीरो ज़हीर में लगभग 3 साल की ट्रेनिंग ली। बचपन से ही फिल्मों मे आने की इच्छा रखने वाले ज़हीर के लिए अपनी पहली फिल्म पाना इतना आसान नहीं था। सलमान खान ने भले ही पहली नज़र में ज़हीर को देख उन्हें हीरो बनाने का वादा कर दिया हो, लेकिन इसके लिए ज़हीर को दिन रात कड़ी मेहनत भी करनी पड़ी। ज़हीर बताते हैं, “ मुझे था कि मैं किसी भी तरह फिल्मों में कुछ ना कुछ तो ज़रूर करूंगा। भले 40 साल लग जाए लेकिन लाइफ में एक बार तो स्क्रीन पर आना ज़रूर है। भले ही बतौर सीनियर सिटीजन काम करुं, लेकिन फिल्म में काम ज़रूर करना था। एक दिन सलमान खान ने मुझे मेरी बहन की शादी में स्टेज पर डांस करते हुए देखा और उन्होंने पापा को बोला यह हीरो मटेरियल है। हालांकि शुरुआत में मुझे लगा था कि वह भूल जाएंगे लेकिन उन्होंने मुझे शादी खत्म होने के 1 महीने बाद बुलाया और बोला कि चलो शर्ट उतारो और फिर अपने ट्रेनर से मिलवाया और वहीं से मेरी हीरो बनने की ट्रेनिंग शुरु हो गई।”

जब सलमान ने कहा कि संजय दत्त की तरह वॉक मत करो

सलमान ज़हीर के पिता के कई सालों से दोस्त है

भले ही पहली मुलाकात में ही सलमान ने ज़हीर को हीरो बनाने का वादा कर दिया हो, लेकिन उस वादे के साथ ही सलमान ने ज़हीर को एक ही सलाह दी और वह सलाह थी इंडस्ट्री के बाबा और सलमान के दोस्त संजय दत्त की तरह ना चलने की। अपनी बेबाक वॉक के लिए जाने जाने संजय दत्त की तरह भला ना चलने की सलाह सलमान ने क्यों दी इस बात का राज़ खोलते हुए खुद ज़हीर ने बताया, “ दरअसल मैं उन लड़कों में से था जो 2 दिन जिम जाकर सोचने लगते है कि बॉडी बन गई और जो एकदम संजय दत्त की तरह चलने लगते है। सलमान ने मुझे जब देखा तो मैं एकदम दुबला पतला था और संजय दत्त की तरह चलता था, उन्होंने मुझे बोला कि संजय दत्त की तरह मत चलो, पहले अपनी बॉडी बनाओ और तब से मेरी ट्रेनिंग शुरु कर दी।”

अपने ट्रेनर से ही जहीर की ट्रेनिंग करवाने वाले सलमान खान ने ज़हीर को ना सिर्फ बॉडी बनाने की ट्रेनिंग दी, बल्कि तीन साल तक हीरो बनने के लिए जिन सभी ट्रेनिंग की ज़रुरत होती है, उन सभी की ट्रेनिंग दे डाली। 3 साल तक कभी जिम, कभी डांस फ्लोर, कभी जिमनास्टिक तो कभी घुड़सवारी की ट्रेनिंग लेने वाले ज़हीर बताते हैं, “ मैंने एक महीने जिम में ट्रेनिंग की और सलमान ने 1 महीने बाद ही मुझे देखा और उन्हें इस बात का विश्वास हो गया कि मैं बॉडी बना लूंगा। तभी एक फिल्म रिलीज़ हुई थी और वो एक्टर बहुत ही फ्लैक्सिबल था, तो मुझे सलमान ने बोला कि यार चलो तुम भी अब जिमनास्टिक सीख लो तो मैंने 8 महीने जिमनास्टिक की भी ट्रेनिंग ली। फिर एक एक्टर आया जो बहुत ही बेहतरीन डांस कर रहा था तो उन्होंने मुझे डांस की ट्रेनिंग में लगा दिया। डांस के कई फॉर्म मैंने सीखें। मुझे पूरी ट्रेनिंग दे दी गई है। यहां तक की मैं घुड़सवारी भी कर सकता हूं। हालांकि मैंने जो भी 3 साल में सीखा उसमें से कुछ भी एक्शन इस फिल्म में देखने को नहीं मिलेगा, लेकिन मैं सलमान खान की वजह से पूरी तरह तैयार हो चुका हूं एक्टर बनने के लिए।”

ज़हीर की बातों से साफ है कि सलमान खान भले ही कई न्यूकमर्स को लांच करते हो, लेकिन इस लांच के लिए इन कलाकारों को भी कम मेहनत नहीं करनी पड़ती। ज़हीर भी तीन साल की मेहनत के बाद 29 मार्च को ‘नोटबुक’ के साथ बॉक्स ऑफिस पर आने को तैयार है, देखना होगा कि उनकी इस मेहनत का उन्हें कितना फल मिलता है।

HFT हिन्दी की एडिटर, मनमौजी, हठी लेकिन मेहनती..उड़ नही सकती लेकिन मेरी कल्पनाशक्ति को उड़ने से कोई नहीं रोक सकता। अपने महिला होने पर मुझे सबसे ज्यादा गर्व है। लिखना मेरा शौक है। लिखने के अलावा बेटे के साथ गप्पे मारना और खेलना मुझे बेहद पसंद है।