आमिर खान जब भी कुछ लेकर आते हैं, तो उसमें कुछ ना कुछ नया ज़रूर होता है। 26 जनवरी के दिन वह दर्शकों के लिए ‘रूबरू रोशनी’ नाम की शार्ट फिल्म लेकर आ रहे हैं। स्टार नेटवर्क के सभी प्लेटफार्म पर मौजूद यह फिल्म आपको लोगों को माफ कर देने की सीख देती है क्या है। इस फिल्म क्यों है खास और यह फिल्म आपको क्यों देखनी चाहिए आइए हम आपको बताते हैं।

यह फिल्म एक आम फिल्म नहीं है। इस फिल्म में तीन कहानियों को एक साथ पिरोया गया है। दरअसल पिछले तीन दशक में घटित तीन बड़ी घटनाओं को बताती है। यह तीनों ही कहानी ऐसी कहानियां है, जिनके जीवन में कई बड़ी घटनाएं हुई, लेकिन उसके बावजूद उनके साथ अपराध कर देने वालों को उन्होंने क्षमा कर दिया।

पहली कहानी है अवंतिका की, साल 1984 में जब खालिस्तान की मांग बहुत जोर शोर पर थी उस सिक्खों के दंगे हुए थे। जिसके बाद 1985 में अवंतिका के माता और पिता दोनों को मार दिया गया था। अपने माता पिता के हत्यारे कुकू (रनजीत सिहं) को लेकिन अवंतिका माफ कर देती है. यह कैसे संभव है। यह आप इस फिल्म में देख पाएंगे।

दूसरी कहानी है 1995 में रानी मारिया के हुए कत्ल की। धर्म परिवर्तन और खास कर क्रिश्चियन धर्म परिवर्तन उन दिनों काफी जोर पकड़ रहा था। उस दौरान हुई रानी मारिया की हत्या का यह किस्सा काफी मशहूर हुआ था। समुद्र नाम के व्यक्ति ने उसकी हत्या की थी। लेकिन रानी मारिया की बहन, जो कि एक नन है ने उसे माफ कर अपना भाई बना लिया था।

तीसरी कहानी जिसकी याद कभी भी किसी के जहन से नहीं जा सकती, वह है मुंबई हमले 26 11 की। इसमें कई लोगों ने अपने परिवार को खोया था। ऐसे ही एक विदेशी कीया ने अपने पति और 13 साल बेटी को इस हादसे में खो दिया था। इसके बावजूद हर साल वो मुबंई आती है और लोगों के साथ मिलकर खुशियां फैलाने और शांति का संदेश देती है।

लगभग 2 घंटे की इस फिल्म का निर्माण आमिर खान और उनकी पत्नी किरण राव ने मिलकर किया है। आमिर का मानना है कि यह फिल्म उनके लिए काफी खास है। उनके मुताबिक, मैने जब पहली बार यह कोन्सेप्ट सुना था, मैं तभी से इसे बनाना चाह रहा था। मैंने स्वाती को बोला कि तुम पहले बना लो, फिर देखेंगे कि क्या और कैसे करना है। यह लोगों को हिल होने का संदेश देती है। जब आप किसी को माफ कर देते है, तो आपके अंदर आपको शांति मिलती है। जो काम लॉ का है, वो तो होगा ही लेकिन किसी को माफ कर देने से खुद को मिलने वाली शांति भी ज़रुरी है।”

फिल्म का निर्देशन स्वाति चक्रवर्ती भटकल ने किया है। खास बात है कि आज 26 जनवरी के दिन लोग इस फिल्म को स्टार के सभी नेटवर्क पर सुबह 11 बजे से देख सकेंगे। इस फिल्म को सारे देश तक पहुंचाने के लिए इस फिल्म को 7 भाषाओं में डब किया गया है। तो अगर आप भी इस गणतंत्र दिवस कुछ नया और अलग करना चाहते है, तो कुछ समय आमिर की इस पहल को भी दे। फिल्म देखकर शायद आपको भी एहसास हो कि लोगों की गलतियों को माफ कर देना इतना मुश्किल भी नहीं।

HFT हिन्दी की एडिटर, मनमौजी, हठी लेकिन मेहनती..उड़ नही सकती लेकिन मेरी कल्पनाशक्ति को उड़ने से कोई नहीं रोक सकता। अपने महिला होने पर मुझे सबसे ज्यादा गर्व है। लिखना मेरा शौक है। लिखने के अलावा बेटे के साथ गप्पे मारना और खेलना मुझे बेहद पसंद है।